19 नवंबर यानी आज काल भैरव जयंती मनाई जा रही है। मान्यता है कि मार्गशीर्ष माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को काल भैरव का जन्म हुआ था। ये भगवान शिव का रोद्र रूप है। काल का अर्थ होता है मृत्यु, डर और अंत जब्कि भैरव का मतलब है भय को हरने वाला। जिससे काल भी डरता है। काल भैरव की पूजा करने से मृत्यु का भय दूर हो जाता है और जीवन में आ रहे कष्टों से भी मुक्ति मिलती है। भैरव अष्टमी पर मदिरा का सेवन करते हुए उज्जैन के श्री कालभैरव का देखें वीडियो।